न्यूज 21भारत सुल्तानपुर
सुल्तानपुर में अखिल भारतवर्षीय यादव महासभा, हिंदुस्तान समाजवादी प्रजातात्रिक सेना और यादव सेना ने संयुक्त रूप से सोमवार को कलेक्ट्रेट में सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा है। सीएम को संबोधित यह ज्ञापन डीएम के माध्यम से भेजा गया है।
संगठनों ने सुनील यादव हत्याकांड में कई महत्वपूर्ण मांगें रखी हैं। ग्राम मदारजीह थाना चांदा निवासी सुनील यादव की हत्या के मामले में नामजद आरोपी संतोष पाण्डेय, विवेक मिश्रा और सुशील निषाद की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की गई है।
मृतक के भाई अंकुश यादव को शस्त्र लाइसेंस देने की भी मांग की गई है। संगठनों का कहना है कि आरोपी अपराधिक प्रवृत्ति के और राजनैतिक संबंध वाले लोग हैं। इससे पीड़ित परिवार को खतरा है।
ज्ञापन में मृतक के अंतिम संस्कार में शामिल हुए लोगों पर दर्ज की गई प्राथमिकी को निरस्त करने की मांग भी शामिल है। साथ ही चौदा थानाध्यक्ष अशोक कुमार सिंह को पद से हटाने की मांग की गई है। संगठनों का आरोप है कि थानाध्यक्ष अपराधियों से मिलकर कार्य करते हैं। तीन दिन तक लाश रखे जाने के बावजूद प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई।
मृतक सुनील यादव की पत्नी सरिता को सरकारी नौकरी और उनके एक माह के बच्चे व डेढ़ साल की बच्ची के पालन-पोषण के लिए 50 लाख रुपए की आर्थिक सहायता देने की मांग भी की गई है। संगठनों ने इन मांगों पर शीघ्र कार्रवाई की अपेक्षा जताई है।
प्रदर्शनकारियों ने मीडिया से कहा कि सुनील यादव को पहले धमकी दी गई। फिर सफेदपोश लोगों ने मिलकर हत्या करा दी। नामजद लोग पीड़ित परिवार को समझौते के लिए धमका रहे हैं। इसलिए डीएम को ज्ञापन दिया गया है ताकि न्याय मिले।
प्रदर्शनकारियों ने रुचेन हत्याकांड का मुद्दा भी उठाया है। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को तय करना होगा कि पीडीए की गर्दन पर फरसा चलाने वाला चाहिए या पिछड़ा अल्पसंख्यक चाहिए। उनका आरोप है कि ये लोग अखिलेश यादव का आशीर्वाद लेकर उन्हीं के वोटरों का दमन कर रहे हैं।
ब्यूरो रिपोर्ट सुल्तानपुर